Skilling in India
भारत में स्किलिंग सेक्टर व ट्रेनिंग व्यवस्था –
भारत में स्किल डेवलपमेंट का क्षेत्र बहुत तेज़ी से बढ़ रहा है। आज हर उम्र के लोगों के लिए नई–नई स्किल सीखने के अवसर उपलब्ध हैं। सरकार, निजी संस्थान और उद्योग मिलकर युवाओं को रोजगार–उन्मुख प्रशिक्षण देने का काम कर रहे हैं।
देश में स्किल ट्रेनिंग का मुख्य उद्देश्य यह है कि युवा केवल डिग्री पर निर्भर न रहें, बल्कि किसी काम में मज़बूत दक्षता हासिल करें। इसके लिए ITI, पॉलिटेक्निक, स्किल डेवलपमेंट सेंटर, ऑनलाइन प्लेटफॉर्म और उद्योग आधारित प्रशिक्षण मॉडल विकसित किए गए हैं।
भारत सरकार ने इस दिशा में कई बड़े कार्यक्रम शुरू किए हैं, जैसे प्रधानमंत्री कौशल विकास योजना (PMKVY), राष्ट्रीय कौशल विकास निगम (NSDC), कौशल भारत मिशन, ITI मॉडर्नाइजेशन, अप्रेंटिसशिप योजना आदि। इन योजनाओं के माध्यम से लाखों युवाओं को मुफ्त या कम लागत में ट्रेनिंग दी जा रही है।
आज स्किल ट्रेनिंग सिर्फ पारंपरिक कामों तक सीमित नहीं है। इसके साथ–साथ डिजिटल स्किल, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, रोबोटिक्स, हेल्थकेयर, पर्यटन, डिजाइनिंग, कंस्ट्रक्शन, इलेक्ट्रॉनिक्स, ऑटोमोटिव, रिन्यूएबल एनर्जी, रिटेल और हॉस्पिटैलिटी जैसे क्षेत्रों में भी बड़ी संख्या में प्रशिक्षण दिए जा रहे हैं।
स्किलिंग सेक्टर का एक बड़ा लाभ यह है कि यह सीधे रोजगार, स्वयं–रोजगार और उद्यमिता को बढ़ावा देता है। नौकरी चाहने वालों के लिए यह एक अवसर है, और छोटे व्यवसाय शुरू करने वालों के लिए एक मज़बूत आधार।
भारत भविष्य में दुनिया का सबसे बड़ा स्किल्ड वर्कफोर्स बनाने की दिशा में आगे बढ़ रहा है। सही प्रशिक्षण, उद्योग सहयोग और आधुनिक तकनीक के साथ स्किल डेवलपमेंट देश की आर्थिक प्रगति में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।
Short Term Training Schemes/Initiatives
Pradhan Mantri Kaushal Vikas Yojna 4.0
Pradhan Mantri Kaushal Kendra ( PMKK )
Jan Sikshan Sansthan ( JSS )
Long Term Training Schemes/Initiatives
Craftsmen Training Scheme ( CTS )
Crafts Instructor Training Scheme ( CITS )
Advanced Vocational Training Scheme ( AVTS )
Vocational Training Programme for Women
Schemes for Upgradation of ITIs
STRIVE
Dual System of Training ( DST )
